शुभ प्रभात (गुड मॉर्निंग) शायरी
यूं तो, तेरी खामोशी का पैगाम मेरे दिल के हर कोने में,
हर ग़म को मिटा रहा है, कि तेरी वफ़ा ही मेरे जीने की सबसे बड़ी और मजबूत वजह है।
तेरी चाहत में हर इम्तिहान से गुज़र जाना है,
तुझे ही अपनी ज़िंदगी का सच्चा मक़सद बनाना है।
हर ग़म को मिटा रहा है, कि तेरी वफ़ा ही मेरे जीने की सबसे बड़ी और मजबूत वजह है।
तेरी चाहत में हर इम्तिहान से गुज़र जाना है,
तुझे ही अपनी ज़िंदगी का सच्चा मक़सद बनाना है।