ट्रू लव शायरी इन हिंदी
ज़माने से कह दो, तेरे इश्क की ये बारिश मेरी आँखों की पुतलियों में,
नया उजाला बिखेर रहा है, कि तेरी बाहों का ये आशियाना ही मेरी सच्ची जन्नत है। [ट्रू लव शायरी इन हिंदी 817]
नया उजाला बिखेर रहा है, कि तेरी बाहों का ये आशियाना ही मेरी सच्ची जन्नत है। [ट्रू लव शायरी इन हिंदी 817]