दोस्ती और यारी शायरी
हां, मुश्किलों में थामे हुए हाथ की ताकत ज़िंदगी के हर एक मोड़ पर,
हर ग़म को पल भर में भुला रहा है, कि दोस्तों की एक सच्ची हंसी पर सारा जहां कुर्बान है।
हर ग़म को पल भर में भुला रहा है, कि दोस्तों की एक सच्ची हंसी पर सारा जहां कुर्बान है।