इश्क़ और मोहब्बत शायरी
याद रखना, तेरी मुस्कुराहट की चमक मेरी हर सांस में,
गुलाब की तरह महक रहा है, कि तेरे सिवा अब किसी और की चाहत दिल में नहीं रही।
गुलाब की तरह महक रहा है, कि तेरे सिवा अब किसी और की चाहत दिल में नहीं रही।