ट्रू लव शायरी इन हिंदी
ज़िंदगी के सफर में, तेरी मासूम आँखों का नूर मेरी रूह की गहराइयों में,
गुलाब की तरह महक रहा है, कि अब तेरे बिना एक पल भी गवारा नहीं होता। [ट्रू लव शायरी इन हिंदी 474]
गुलाब की तरह महक रहा है, कि अब तेरे बिना एक पल भी गवारा नहीं होता। [ट्रू लव शायरी इन हिंदी 474]