ट्रू लव शायरी इन हिंदी
खामोशियों के दरमियां, तेरी मुस्कुराहट की चमक मेरी खामोश इबादतों में,
रूह को मदहोश कर रहा है, कि तेरे सिवा अब किसी और की चाहत दिल में नहीं रही। [ट्रू लव शायरी इन हिंदी 452]
रूह को मदहोश कर रहा है, कि तेरे सिवा अब किसी और की चाहत दिल में नहीं रही। [ट्रू लव शायरी इन हिंदी 452]