सैड शायरी इन हिंदी
मेरे हमदम, मोहब्बत में मिले धोखे का नासूर मेरे दिल के वीराने में,
कांच की तरह बिखर रहा है, कि अब तन्हाइयों से ही दिल लगाना सीख लिया हमने।
कांच की तरह बिखर रहा है, कि अब तन्हाइयों से ही दिल लगाना सीख लिया हमने।