ब्रेकअप शायरी इन हिंदी
दिल कहता है, खामोश लबों की दबी हुई चीख मेरी तकदीर के अंधेरों में,
इस कदर चुभ रहा है हर पल, कि अब रोते हुए भी मुस्कुराना हमारी मजबूरी बन गई।
इस कदर चुभ रहा है हर पल, कि अब रोते हुए भी मुस्कुराना हमारी मजबूरी बन गई।