ब्रेकअप शायरी इन हिंदी
यूं तो, उदासी की ये लंबी शामें मेरी सांसों की चुभन में,
नासूर बनकर रिस रहा है, कि अब तन्हाइयों से ही दिल लगाना सीख लिया हमने।
नासूर बनकर रिस रहा है, कि अब तन्हाइयों से ही दिल लगाना सीख लिया हमने।