बेवफा शायरी इन हिंदी
ज़िंदगी के सफर में, सिसकती हुई सांसों का ये आलम मेरी खामोश रातों में,
जीते जी मौत का अहसास दे रहा है, कि यादों के सहारे ही ये कड़वी ज़िंदगी काटनी पड़ी।
जीते जी मौत का अहसास दे रहा है, कि यादों के सहारे ही ये कड़वी ज़िंदगी काटनी पड़ी।