रॉयल ऐटिट्यूड शायरी
सदा, दिलों पर हुकूमत करने की ये आदत ज़माने की सोच के पार,
तूफ़ान बनकर छा रहा है, हमारा नाम ही काफी है महफ़िल में खलबली मचाने के लिए।
तेरी चाहत में हर इम्तिहान से गुज़र जाना है,
तुझे ही अपनी ज़िंदगी का सच्चा मक़सद बनाना है।
तूफ़ान बनकर छा रहा है, हमारा नाम ही काफी है महफ़िल में खलबली मचाने के लिए।
तेरी चाहत में हर इम्तिहान से गुज़र जाना है,
तुझे ही अपनी ज़िंदगी का सच्चा मक़सद बनाना है।