🇮🇳 इश्क़ और मोहब्बत शायरी
बेशक, तेरे हुस्न का ये दीदार मेरी खुशियों के आशियाने में,
खुदा की रहमत बन गया है, कि इश्क़ का ये खूबसूरत और पावन सफर कभी खत्म न हो।
खुदा की रहमत बन गया है, कि इश्क़ का ये खूबसूरत और पावन सफर कभी खत्म न हो।