🇮🇳 इश्क़ और मोहब्बत शायरी
सच है, तेरे चेहरे का तबस्सुम मेरे सपनों के आंगन में,
नया उजाला बिखेर रहा है, कि तेरे मुस्कुराने से ही मेरी ये पूरी कायनात मुकम्मल है।
नया उजाला बिखेर रहा है, कि तेरे मुस्कुराने से ही मेरी ये पूरी कायनात मुकम्मल है।