🇮🇳 दर्द भरी और तन्हाई शायरी
यकीन मानो, मोहब्बत में मिले धोखे का नासूर मेरी वीरान ज़िंदगी में,
ज़िंदगी को वीरान कर रहा है, कि कांच की तरह टूटकर बिखर गए हमारे सारे अरमान।
ज़िंदगी को वीरान कर रहा है, कि कांच की तरह टूटकर बिखर गए हमारे सारे अरमान।